000 00559nam a2200145 a 4500
245 1 _aजहाँ पडे चरण तुम्हारे धन्य हो गई माटी
_cसम्पादक सुमत प्रसाद जैन
260 _aमेरठ
_bजैन प्रकाश जैन
_c1997
653 _a
082 _aJAH
700 _aजैन, सुमत प्रसाद, सम्पा.
300 _a144p.
_c23cm
008 110317 1997 ii ### ⁎⁎⁎⁎ hin
964 _bhin
942 _2ddc
_cBK
999 _c347789
_d347789